महिला समानता दिवस
(Women’s Equality Day)
आज का दिन : 26 अगस्त 2024
- महिला समानता दिवस प्रतिवर्ष 26 अगस्त को मनाया जाता है।
- मूलत: महिला समानता दिवस को मनाने की शुरुआत अमेरिका में सन् 1971 से हुई थी। एक महिला वकील बेल्ला अब्जुग के प्रयास से प्रतिवर्ष 26 अगस्त को महिला समानता दिवस मनाया जाने लगा।
- अमेरिका से शुरू हुई यह मुहिम अब फैलने लगी है और दुनिया के अधिकांश देशों में 26 अगस्त को महिला समानता दिवस के रूप में मनाया जाने लगा है।
- अमेरिका में 26 अगस्त, 1920 को महिलाओं को मतदान अधिकार दिया गया था। यह अधिकार उन्हें अमेरिका के 19वें संविधान संशोधन द्वारा दिया गया। 26 अगस्त, 1920 को ही अमेरिकी विदेश मंत्री बैनब्रिज कोल्बी ने वॉशिंगटन में अपने घर पर इस घोषणा पर हस्ताक्षर किए थे। लंबे संघर्ष के बाद महिलाओं को द्वितीय श्रेणी नागरिक के तमगे से छुटकारा मिला और उन्हें समानता का दर्जा दिया गया।
- माना जाता है कि न्यूजीलैंड में सर्वप्रथम सन् 1893 में महिलाओं को वोट देने का अधिकार प्राप्त हुआ था।
- स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात् भारत में संविधान में महिलाओं को पुरुषों के बराबर ही मतदान का अधिकार दिया गया है। केन्द्र सरकार ने पंचायतों और नगर निकायों में महिलाओं के लिए आरक्षण लागू किया है। कुछ राज्यों में अभी इन निकायों में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है। इनमें राजस्थान, मध्य प्रदेश, बिहार, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड आदि शामिल हैं।
- भारत में महिलाएं सर्वोच्च पदों तक पहुंची हैं। देश में प्रधानमंत्री के पद पर इंदिरा गाँधी और राष्ट्रपति के पद पर प्रतिभा देवी सिंह पाटिल रह चुकी हैं। वर्तमान में भी राष्ट्रपति पद पर महिला ही विजारमान हैं। द्रौपदी मुर्मू 15वीं राष्ट्रपति के रूप में देश की प्रथम नागरिक हैं। केंद्र में मंत्री होने के साथ ही कई राज्यों में मुख्यमंत्री के रूप में भी महिला राजनीतिज्ञों ने अच्छी भूमिका निभाई है।
- इसके अलावा लगभग सभी क्षेत्रों में महिलाओं ने अपनी भागीदारी को बढ़ाया है, लेकिन उनकी आबादी के अनुपात में यह बहुत कम है। अभी भी इस दिशा में आमजन को जागरूक होने और महिलाओं को समानता का अधिकार वास्तव में देने की आवश्यकता है।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें