3 मई 2026 : विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस
आज का दिन : 3 मई 2026
विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस
(World Press Freedom Day)
- प्रतिवर्ष 3 मई को विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस मनाया जाता है।
- संयुक्त राष्ट्र महासभा ने दिसंबर 1993 में प्रति वर्ष 3 मई को विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस मनाने की घोषणा की। यह दिन इसलिए चुना गया क्योंकि यूनेस्को द्वारा नामीबिया के विंडहॉक में 29 अप्रेल से 3 मई, 1991 तक प्रेस की स्वतंत्रता पर कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया था।
- विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस मनाने का निर्णय यूनेस्को और संयुक्त राष्ट्र के 'जन सूचना विभाग' ने मिलकर किया था।
- अंतरराष्ट्रीय प्रेस स्वतंत्रता दिवस मनाने का उद्देश्य प्रेस यानी
मीडिया की स्वतंत्रता को मुखर बनाना है। यह दिन प्रेस की स्वतंत्रता को
बढ़ावा देने और इसके लिए सार्थक पहल करने तथा दुनिया भर में प्रेस की
स्वतंत्रता की स्थिति का आकलन करने का भी दिन है। एक प्रकार से यह
अभिव्यक्ति की आजादी का पर्व है।
- वर्ष 2025 में विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस की 32वीं वर्षगांठ मनाई जा रही है।
- यूनेस्को की ओर से 1993 से प्रतिवर्ष विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस पर किसी एक देश की मेजबानी में ग्लोबल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जाता है। वर्ष 2025 में विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस की मेजबानी बेल्जियम को सौंपी गई है। बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स में 7 मई को ग्लोबल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है।
- यूनेस्को की ओर से वर्ष 2026 के विश्व प्रेस फ्रीडम दिवस पर 4 अप्रेल, 2026 को जाम्बिया के लुसाका में एक ग्लोबल कॉन्फे्रंस का आयोजन किया गया है। इस ग्लोबल कॉन्फ्रेंस का विषय/थीम है:- "शांतिपूर्ण भविष्य का निर्माण"।
गुइलेर्मो कैनो प्रेस फ्रीडम पुरस्कार
- यूनेस्को की ओर से 1997 से प्रति वर्ष गुइलेर्मो कैनो प्रेस फ्रीडम पुरस्कार प्रदान किया जाता है। यह व्यक्ति अथवा संस्था, जिन्होंने प्रेस की स्वतंत्रता में योगदान दिया हो, उन्हें प्रदान किया जा रहा है। गुइलेर्मो कैनो इसाजा कोलिम्बया के पत्रकार थे, जिनकी 17 दिसंबर 1986 को कोलंबिया की राजधानी बोगोटा में उनके समाचार पत्र एल एस्पेक्टाडोर के कार्यालय के सामने हत्या कर दी गई थी। उन्हीं के सम्मान में इस पुरस्कार का नाम रखा गया है।
निकारागुआ के अखबार ला प्रेंस ने जीता 2025 का प्रेस स्वतंत्रता पुरस्कार
- यूनेस्को की ओर से 7 मई, 2025 को बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स में होने वाली ग्लोबल कॉन्फ्रेंस में वर्ष 2025 का गुइलेर्मो कैनो प्रेस स्वतंत्रता पुरस्कार निकारागुआ के अखबार ला प्रेंस को प्रदान किया जाएगा।
भारत में प्रेस की स्वतंत्रता
- भारतीय संविधान में अनुच्छेद 19(1) (क) के तहत अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता शामिल की गई है। इसका आशय है-शब्दों, लेखों, चिह्नों, प्रिटिंग या किसी अन्य प्रकार से अपने विचारों को व्यक्त करना।
- अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता में प्रेस की स्वतंत्रता भी शामिल है।
- लोकतांत्रिक शासन प्रणाली में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता आधार स्तंभ का कार्य करती है।
- हमारे देश में 16 नवंबर को प्रतिवर्ष राष्ट्रीय प्रेस दिवस मनाया जाता है। 16 नवंबर 1966 को भारतीय प्रेस परिषद् ने विधिवत कार्य शुरू किया था। इसलिए यह दिवस मनाया जाता है।
*विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस-2026 का विषय/थीम*
Shaping a Future at Peace: Promoting Press Freedom for Human Rights, Development, and Security
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